Sunday, March 9, 2014

नजर

मुझे तेरे शहर कि नजर लग गयी

दिल को तेरी आदत सी हो गयी

गाफिल हो फिर रहा हु

जमाने कि मुझको नजर लग गयी

आप बस नजरे इनायत रखिये

जालिम ये ना पूछिए

नज़रों को किस कि नजर लग गयी

मुझे तेरे शहर कि नजर लग गयी

सिवा तेरी  तस्वीर के

नजरो को कुछ नजर आता नहीं

तेरे सिवा

दिल को कुछ भाता नहीं

मुझे तेरे शहर कि नजर लग गयी

मुझे तेरे शहर कि नजर लग गयी