Sunday, July 28, 2013

प्रीत

निंदिया  जगाये आधी आधी रतियाँ

बतियाँ करे तेरी सारी सारी रतियाँ

खाब्ब संजोये सारी सारी रतियाँ

निंदिया जगाये सपनों की दुनिया

करवटे बदले सारी सारी रतियाँ

मिन्नतें करे आधी आधी रतियाँ

लग गयी प्रीत तोहसे सजनिया

चुरा ले गयी दिल मेरा तेरी अँखियाँ

लुट गयी मोहरी निंदिया

रह गयी अब बस तोहरी  बतियाँ ही बतियाँ

निंदिया  जगाये आधी आधी रतियाँ

बतियाँ करे तेरी सारी सारी रतियाँ

 

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